बालाघाट। परसवाड़ा के ग्रामीणों ने एथेनॉल प्लांट का किया विरोध
किरनापुर। जनपद पंचायत किरनापुर के अंतर्गत ग्रामपंचायत परसवाड़ा के दीनाटोली में निर्माणाधीन एथेनॉल प्लांट का ग्रामीणों द्वारा विरोध प्रदर्शन किया जा रहा है। मंगलवार को परसवाड़ा के ग्रामीणों ने मौके पर पहुंचकर विरोध प्रदर्शन कर कार्य बंद करवाया और प्रशासन से प्लांट को बंद करने की मांग करते हुए एसडीएम राहुल नायक को ज्ञापन सौंपा। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि उक्त प्लांट बंद नहीं कराया जाता है तो वे उग्र आंदोलन करेंगे।
चर्चा में ग्रामीण मुकेश ठाकरे व पटले ने बताया कि 06 महीने से इसके लिए लड़ाई लड़ी जा रही है। शासन की कोई योजना नहीं है एथेनॉल प्लांट को लेकर नक्शी के किसानों को बहला फुसलाकर कर ग्राम पंचायत के सरपंच प्रतिनिधि कन्हैयालाल कांवरे व उपसरपंच ने कमीशन के चक्कर में एथेनॉल कंपनी को बिकवा कर रजिस्ट्री भी करवा दी जिसमें परसवाड़ा की पटवारी ने भारी कमीशन लेकर रजिस्ट्री पास करवा दी। ग्राम पंचायत द्वारा एथेनॉल कंपनी को एनओसी भी दीं गई। गांव में पशुपालन और कृषि कार्य अधिक मात्रा में किया जाता है जिसमें अब दिक्कत होगी। उन्होंने बताया कि कलेक्टर और एसडीएम को ग्राम सभा में अनुमोदित आपत्ति दी गई थी एथेनॉल प्लांट नहीं चाहिए पर प्राइवेट व्यक्ति को निजी लाभ पहुंचाने के लिए किसानों की भूमि को नष्ट किया गया है। युवनलाल पटले ने बताया कि यहां जो एथेनॉल प्लांट लगा रहे हैं वह गांव हित में नहीं है। गांव के किसानों की सुरक्षित भूमि चले गई। प्लांट के खड़े होने पर प्रदूषण होगा जिससे गांव के लोग परेशान होंगे। मुकेश ठाकरे ने बताया कि एथेनॉल प्लांट का प्रोजेक्ट आया था तो कंपनी द्वारा सर्वे कर रहे थे तब ग्रामीणों ने विरोध किया था। पंचायत में ग्राम सभा का प्रस्ताव लेकर तहसीलदार के पास आपत्ति दर्ज कराई गई थी। किंतु अधिकारियों की मिलीभगत से प्लांट वालों को बाधित नहीं कर रहे हैं।
बुधवार को रात्रि में गांव के माता मंदिर में एथेनॉल कंपनी को लेकर हुई बैठक
ग्राम परसवाड़ा में बुधवार के रात्रि 9:00 बजे से 11बजे तक माता मंदिर के प्रांगण में लगभग 2000 ग्रामीणों के बीच एथेनॉल कंपनी को लेकर बैठक ली गई जिसमें सभी ग्रामीणों मौदा के सरपंच मनमोहन वैद्य,रजेगांव सरपंच बुड्गे, और भी अन्य ग्रामों के सरपंच ने ग्राम पंचायत के द्वारा एनओसी दिए जाने का विरोध किया एवं एथेनॉल कंपनी में परसवाड़ा से दीना टोली जो वन विभाग की सीसी सड़क के ऊपर पंचायत द्वारा बिना ग्राम पंचायत के प्रस्ताव के रोड बना दी गई ,उस रोड से स्कूल के बच्चे एवं ग्रामीणों का आना-जाना है उसी रोड से एथेनॉल कंपनी के कर्मचारियों द्वारा बड़ी-बड़ी कॉन्टैक्टर कन्टेनर मशीन ले जाया जा रहा है जो 30 करोड़ के लगभग इस कंपनी का संचालन किया जाना है, इस बैठक में मुकेश ठाकरे, युवन लाल पटले, पंकज पांचे,व तीजन पांचे महिलाओं ने बताया की एथेनॉल कंपनी के विरोध में अधिकारियों को अवगत कराया गया था जिस पर अधिकारियों ने जनता को समझाइस दी की कंपनी द्वारा एथेनॉल कंपनी का पानी वही तालाब में एकत्र किया जाएगा लेकिन बारिश का पानी आने के कारण लोगों के खेत में इस कंपनी का जहरीला पानी जाएगा जिससे किसानों की खेती बर्बाद होगी और भी कई मुद्दे को लेकर इस बैठक में प्रस्ताव पारित किया गया अगर एथेनॉल कंपनी यहां से बंद नहीं होती है तो इसका जमकर विरोध एवं आंदोलन किया जाएगा।
इनका कहना है
किरनापुर के एसडीएम राहुल नायक से इथेनॉल कंपनी के बारे में चर्चा की गई तो उन्होंने कहा कि ग्रामीणों द्वारा एथेनॉल कंपनी को बंद करने के एवज में यहां पत्र दिया है जिस पर प्रकरण तैयार कर इथेनॉल कंपनी को नोटिस जारी की जाएगी।